बाघल विकास परिषद अध्यक्ष बोले- लंबे समय से रिक्त पदों के कारण मरीजों को सोलन-शिमला के लगाने पड़ रहे हैं चक्कर।
ब्यूरो, दैनिक हिमाचल न्यूज। बाघल विकास परिषद के अध्यक्ष परसराम ठाकुर ने नागरिक अस्पताल अर्की में नेत्र रोग विशेषज्ञ तथा ऑप्थाल्मिक असिस्टेंट के रिक्त पदों पर चिंता व्यक्त करते हुए प्रदेश सरकार और स्वास्थ्य विभाग से इन्हें शीघ्र भरने की मांग की है। उन्होंने कहा कि अस्पताल में नेत्र रोग विशेषज्ञ का पद पिछले करीब ढाई माह से तथा ऑप्थाल्मिक असिस्टेंट का पद लगभग तीन वर्षों से रिक्त होने के कारण क्षेत्र के हजारों मरीजों को उपचार के लिए सोलन और शिमला के चक्कर लगाने पड़ रहे हैं।

परसराम ठाकुर ने कहा कि अर्की उपमंडल की बड़ी आबादी नागरिक अस्पताल पर निर्भर है, लेकिन दोनों पद खाली होने से आंखों की सामान्य जांच, दृष्टि परीक्षण तथा अन्य आवश्यक सेवाएं प्रभावित हो गई हैं। इससे मरीजों को अनावश्यक आर्थिक बोझ उठाने के साथ-साथ समय भी गंवाना पड़ रहा है। उन्होंने बताया कि पहले अस्पताल में नेत्र रोग विशेषज्ञ नियमित रूप से मरीजों की जांच करते थे तथा आवश्यकता पड़ने पर मोतियाबिंद सहित अन्य नेत्र शल्य चिकित्सा के लिए मरीजों को जिला अस्पताल सोलन भेजा जाता था। विशेषज्ञ चिकित्सक के स्थानांतरण के बाद यह व्यवस्था प्रभावित हो गई है।

उन्होंने कहा कि वर्तमान समय में मोबाइल, कंप्यूटर और अन्य डिजिटल उपकरणों के बढ़ते उपयोग के कारण आंखों से संबंधित समस्याएं तेजी से बढ़ रही हैं। ऐसे में अस्पताल में बुनियादी नेत्र सेवाओं का उपलब्ध न होना चिंता का विषय है। इसका सबसे अधिक असर स्कूली बच्चों, वरिष्ठ नागरिकों तथा आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों पर पड़ रहा है।

बाघल विकास परिषद अध्यक्ष ने प्रदेश सरकार, स्वास्थ्य विभाग तथा स्थानीय विधायक से आग्रह किया कि नागरिक अस्पताल अर्की में नेत्र रोग विशेषज्ञ और ऑप्थाल्मिक असिस्टेंट के रिक्त पदों को प्राथमिकता के आधार पर भरकर क्षेत्रवासियों को उनके अपने क्षेत्र में ही गुणवत्तापूर्ण नेत्र चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएं। उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य जैसी मूलभूत सुविधा में किसी भी प्रकार की कमी स्वीकार्य नहीं होनी चाहिए।
क्या कहती हैं बीएमओ…..
बीएमओ अर्की डॉ. मुक्ता रस्तोगी ने बताया कि अस्पताल में नेत्र रोग विशेषज्ञ और ऑप्थाल्मिक असिस्टेंट के रिक्त पदों की जानकारी स्वास्थ्य विभाग के उच्च अधिकारियों को लिखित रूप से भेज दी गई है। उन्होंने उम्मीद जताई कि विभाग स्तर पर जल्द नियुक्तियां होने के बाद क्षेत्रवासियों को पुनः नेत्र चिकित्सा सेवाओं का लाभ मिल सकेगा।




