ब्यूरो, दैनिक हिमाचल न्यूज – विश्व हेपेटाइटिस दिवस के अवसर पर राजकीय उच्च विद्यालय कराड़ाघाट में मंगलवार को युवाओं को हेपेटाइटिस के प्रति जागरूक बनाने हेतु एक प्रभावशाली जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का आयोजन डॉ. मुक्ता रस्तोगी, खंड चिकित्सा अधिकारी, अर्की, जिला सोलन के कुशल नेतृत्व में किया गया। कार्यक्रम के मुख्य वक्ता एवं संयोजक डॉ. विजय कुमार शांडिल, काउंसलर, एचआईवी काउंसलिंग एंड टेस्टिंग सर्विसेज सिविल अस्पताल अर्की रहे।

कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों में हेपेटाइटिस के कारणों, लक्षणों, बचाव, समय पर जांच, उपचार तथा टीकाकरण के प्रति जागरूकता बढ़ाना था। डॉ. विजय कुमार शांडिल ने अपने संबोधन में कहा कि हेपेटाइटिस एक गंभीर बीमारी है, जो मुख्य रूप से यकृत (लीवर) को प्रभावित करती है। उन्होंने बताया कि हेपेटाइटिस-बी और हेपेटाइटिस-सी समय पर पहचान और उचित उपचार न मिलने पर गंभीर रूप धारण कर सकते हैं। उन्होंने विद्यार्थियों को स्वच्छता अपनाने, सुरक्षित जीवनशैली, केवल सुरक्षित रक्त चढ़ाने, संक्रमित सुई या ब्लेड का उपयोग न करने तथा चिकित्सकीय परामर्श के अनुसार हेपेटाइटिस-बी का टीकाकरण करवाने का संदेश दिया।

उन्होंने यह भी बताया कि जागरूकता ही इस बीमारी से बचाव का सबसे प्रभावी माध्यम है। यदि प्रत्येक व्यक्ति स्वयं जागरूक बने और दूसरों को भी सही जानकारी दे, तो हेपेटाइटिस जैसी बीमारी की रोकथाम संभव है। उन्होंने विद्यार्थियों से अपील की कि वे अपने परिवार और समाज में भी स्वास्थ्य संबंधी सही संदेश पहुँचाकर स्वस्थ भारत के निर्माण में सहभागी बनें।
कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों के लिए विभिन्न रचनात्मक एवं ज्ञानवर्धक गतिविधियों का आयोजन किया गया। पोस्टर मेकिंग प्रतियोगिता में विद्यार्थियों ने आकर्षक पोस्टरों के माध्यम से हेपेटाइटिस से बचाव, स्वच्छता और टीकाकरण का संदेश दिया। भाषण (डिक्लेमेशन) प्रतियोगिता में विद्यार्थियों ने आत्मविश्वास के साथ हेपेटाइटिस के विभिन्न पहलुओं पर अपने विचार प्रस्तुत किए। इसके अतिरिक्त समूह चर्चा के माध्यम से विद्यार्थियों ने अपने प्रश्न पूछे तथा विशेषज्ञों से उनके उत्तर प्राप्त किए। कार्यक्रम के अंत में सभी विद्यार्थियों एवं उपस्थित शिक्षकों ने हेपेटाइटिस के प्रति जागरूक रहने तथा समाज को जागरूक करने की शपथ भी ली।

सभी प्रतियोगिताओं में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों को पुरस्कार प्रदान कर सम्मानित किया गया। इसके अतिरिक्त अन्य प्रतिभागियों का उत्साहवर्धन करने के लिए सांत्वना पुरस्कार भी वितरित किए गए। पुरस्कार वितरण समारोह ने विद्यार्थियों में उत्साह और प्रतिस्पर्धा की भावना को और अधिक प्रोत्साहित किया।

इस अवसर पर विद्यालय की कार्यकारी प्रधानाचार्य रक्षा शर्मा ने स्वास्थ्य विभाग एवं विशेष रूप से डॉ. विजय कुमार शांडिल का विद्यालय में आकर विद्यार्थियों को हेपेटाइटिस जैसी गंभीर बीमारी के प्रति जागरूक करने के लिए हार्दिक धन्यवाद व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि इस प्रकार के कार्यक्रम विद्यार्थियों में स्वास्थ्य के प्रति सकारात्मक सोच विकसित करते हैं तथा उन्हें जिम्मेदार नागरिक बनने के लिए प्रेरित करते हैं।



