ब्यूरो, दैनिक हिमाचल न्यूज – हिमाचल प्रदेश राज्य विद्युत बोर्ड तकनीकी कर्मचारी संघ की अर्की इकाई की एक महत्वपूर्ण बैठक कुनिहार में इकाई अध्यक्ष संदीप गुप्ता की अध्यक्षता में आयोजित हुई। बैठक में तकनीकी कर्मचारी संघ के प्रदेशाध्यक्ष रणवीर ठाकुर सहित स्थानीय पदाधिकारी और सदस्य उपस्थित रहे। बैठक में संगठन की मजबूती के साथ-साथ तकनीकी कर्मचारियों की ज्वलंत मांगों और समस्याओं पर विस्तार से चर्चा कर आगामी रणनीति तैयार की गई।

बैठक में संघ ने विद्युत बोर्ड प्रबंधन का आभार जताते हुए कहा कि 16 मार्च की बैठक में सेवानिवृत्त कर्मचारियों की लंबित देनदारियों का मुद्दा प्रमुखता से उठाया गया था, जिस पर प्रबंधन ने त्वरित कार्रवाई करते हुए अप्रैल 2024 के बाद सेवानिवृत्त हुए कर्मचारियों के लिए ग्रेच्युटी और लीव इनकैशमेंट मद में करीब 35 से 40 करोड़ रुपये की राशि जारी की है। संघ ने इसे सेवानिवृत्त कर्मचारियों के हित में सकारात्मक कदम बताते हुए स्वागत किया।
बैठक को संबोधित करते हुए प्रदेशाध्यक्ष रणवीर ठाकुर ने मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू से आग्रह किया कि विद्युत बोर्ड में कार्यरत करीब 7500 तकनीकी कर्मचारियों के लिए पुरानी पेंशन योजना शीघ्र बहाल की जाए। उन्होंने उम्मीद जताई कि बजट सत्र में इन कर्मचारियों को ओपीएस का लाभ देकर राहत दी जाएगी।

उन्होंने मुख्यमंत्री से यह भी मांग की कि मुख्यमंत्री कार्यालय में अनुमोदन के लिए भेजी गई पदोन्नति फाइलों को शीघ्र स्वीकृति दी जाए, ताकि कर्मचारियों को समय पर पदोन्नति का लाभ मिल सके। संघ ने यह भी मांग उठाई कि फील्ड में तकनीकी कर्मचारियों की पदोन्नति प्रक्रिया को पहले की तरह स्थानीय कंट्रोल कैडर को सौंपा जाए, जिससे अनावश्यक विलंब समाप्त हो सके।
संघ ने बोर्ड में तकनीकी कर्मचारियों के रिक्त पदों पर शीघ्र भर्ती प्रक्रिया शुरू करने की मांग की। साथ ही चेताया कि फील्ड कर्मचारियों का ओवरटाइम और मोबाइल अलाउंस अप्रैल 2024 से लंबित है, जिससे कर्मचारियों में भारी असंतोष है। संघ ने इन लंबित भत्तों के शीघ्र भुगतान की मांग की।

प्रदेशाध्यक्ष ने कहा कि 26 अगस्त 2023 को भर्ती एवं पदोन्नति नियमों में किए गए संशोधन से करीब 350 तकनीकी कर्मचारी सीधे प्रभावित हुए हैं, जो सेवानिवृत्ति के करीब हैं। संघ ने इस विसंगति को दूर करने के लिए सरकार और बोर्ड प्रबंधन से ठोस निर्णय लेने की अपील की।
बैठक में सुरक्षा उपकरणों का मुद्दा भी प्रमुखता से उठा। संघ ने बताया कि उसकी मांग पर तकनीकी कर्मचारियों के लिए हाई वोल्टेज डिटेक्टर, सेफ्टी बेल्ट और टेलिस्कोपिक लैडर जैसे सेफ्टी टूल्स की खरीद प्रक्रिया अंतिम चरण में है और शीघ्र इन्हें उपलब्ध करवाया जाएगा। इसके अलावा संघ की मांग पर आठ किलोमीटर के दायरे में तकनीकी कर्मचारियों के टीए बिल संबंधी फाइल ऊर्जा सचिव को भेजी गई है, जिस पर शीघ्र सकारात्मक निर्णय की उम्मीद जताई गई।

संघ ने यह भी बताया कि बोर्ड प्रबंधन के समक्ष सभी तकनीकी कर्मचारियों, जिनमें आउटसोर्स कर्मचारी भी शामिल हैं, को एक करोड़ रुपये के दुर्घटना बीमा का लाभ देने की मांग रखी गई है। बैठक के अंत में संघ ने दोहराया कि वह विद्युत बोर्ड की प्रगति और तकनीकी कर्मचारियों की समस्याओं के समाधान के लिए लगातार प्रयासरत है।



